राशन दुकान में चना की कमी, एक साल से आवंटन नहीं

धर्मजयगढ़ – खाद्य सुरक्षा अधिनियम छत्तीसगढ़ राज्य में ”चावल वाले बाबा” के नाम से विख्यात छत्तीसगढ़ के पूर्व मुख्यमंत्री रमन सिंह सत्ता में आते ही सार्वजनिक वितरण प्रणाली योजना के अंतर्गत कोई भूखा न रहे प्रदेश में इसलिए सस्ती दर पर गरीबी रेखा योजना, अंतोदय योजना चलाकर राशन प्रदान किया जो बाद में पूरे देश में लागू किया गया , और अभी मोदी सरकार द्वारा मुफ्त कर दिया है । चावल, गेहूं के साथ कम दर पर शक्कर तथा कम दर पर चना, कहीं-कहीं दाल भी वितरण किया जा रहा था। वर्तमान सरकार द्वारा सत्तासीन के 01 वर्ष बाद राशन दुकान को चना वितरण के लिए नहीं दिया जा रहा है ।
धरमजयगढ़ ब्लॉक में कुल 118 पंचायत है तथा एक नगर पंचायत है । 15 वार्ड की नगर पंचायत में सार्वजनिक वितरण प्रणाली की दुकान 7 दुकान तथा प्रति पंचायत में एक दुकान है जो महिला स्व- सहायता समूह को दुकान चलाने आबंटित किया गया परंतु लगभग सभी राशन दुकान में कोई और संचालक/ कर्मचारी के नाम से वितरण प्रणाली को संचालित किया जा रहा है तथा नियम में के तहत् पूरे माह भर दुकान ना खोलकर अपने सुविधा अनुसार दुकान संचालित कर रहे है । जिसमें आम जनों को परेशानी होती है, कई संचालक दुकानदार राशन कार्ड धारीयो से उचित व्यवहार भी नहीं करते जिसका समय-समय पर खाद्य विभाग की कार्यालय में शिकायत करते रहते है । राशन दुकान के संचालक को चना के धारे में पूछे जाने पर कई दुकानदार सरकार गरीब हो गया , कई दुकानदार चना खरीदने की टेंडर सरकार द्वारा नहीं किया तथा कई दुकानदार आबंटन नहीं आया कहकर कार्ड धारीयो समझाइस दे देते हैं ।
राज्य सरकार किसानों को धान का बोनस दे रहे है । महतारी वंदन योजना में प्रति महिला को प्रतिमाह 1000 खाते में दे रहे हैं , पर सरकार खाद्य सुरक्षा अधिनियम के तहत् दी जाने वाली समाज का कटौती कर दिया। पूर्व सरकार द्वारा इस योजना को बंद नहीं किया था वरना एक माह चना नहीं मिलने पर दूसरे माह उसकी पूर्ति कर दिया जाता रहा। परंतु साय सरकार पूरे 12 माह से चना आबंटन नहीं कर रहा है जिस कारण गरीबों की थाली से चना गायब हो चुका है



